गोरखपुर, संवाददाता। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को टाउनहाल से तिरंगा यात्रा की शुरुआत की। यात्रा गोलघर चौराहा, गणेश चौराहा, काली मंदिर और यातायात तिराहा होते हुए रेलवे स्टेशन चौराहा स्थित महाराणा प्रताप की प्रतिमा तक पहुंचकर समाप्त हुई। मुख्यमंत्री ने करीब 11 बजे तिरंगा यात्रा शुरू की और लगभग 11:35 बजे महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थल पर पहुंचकर यात्रा का समापन किया। यहां पुष्पार्चन के साथ यात्रा का विराम किया गया और गुब्बारे छोड़े गए।

इससे पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सुबह करीब 10 बजे नगर निगम परिसर में स्थित रानी लक्ष्मीबाई की प्रतिमा पर पुष्पार्चन कर कार्यक्रम की शुरुआत की। इसके बाद उन्होंने टाउनहाल में जनसभा को संबोधित किया। देशभक्ति और राष्ट्र प्रथम का संदेश देते हुए उन्होंने नागरिकों से अपने-अपने घरों पर तिरंगा फहराने का आह्वान किया।

तिरंगा यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ हाथों में तिरंगा लेकर देशभक्ति के गीतों के साथ आगे बढ़े। यात्रा करीब तीन किलोमीटर लंबी रही। जगह-जगह लोगों ने तिरंगा यात्रा का स्वागत किया।

तिरंगा आन, बान और शान का प्रतीक

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि तिरंगा हमारे आन, बान और शान का प्रतीक है। उन्होंने देशभक्ति और राष्ट्रीय एकता का संदेश देते हुए हर नागरिक से गर्व के साथ तिरंगा फहराने की अपील की।

सीएम योगी ने कहा कि अलग-अलग समय में अलग-अलग प्रकार की ध्वज लेकर देश की आजादी को गति दी गई। लेकिन आजादी के बाद भी लंबे समय तक तिरंगा हर घर तक नहीं पहुंच सका। उन्होंने कहा कि 1947 से लेकर लंबे समय तक कांग्रेस और अन्य दलों की सरकारें देश के नागरिकों को अपने घर पर तिरंगा फहराने का अधिकार नहीं दे पाईं।

मुख्यमंत्री ने कहा, “हमारा सौभाग्य है कि जिस राष्ट्रध्वज के लिए पहले भारत के नागरिकों को न्यायालय में लड़ाई लड़नी पड़ती थी कि मैं अपने घर में राष्ट्रध्वज लगाना चाहता हूं, वह अधिकार अब मिल गया है।”