कांग्रेस ने दान, निर्माण ठेकों और कीमती उपहारों से जुड़ी कथित अनियमितताओं पर उठाए सवाल

नई दिल्ली।

कांग्रेस ने राम मंदिर ट्रस्ट के दान, निर्माण कार्यों के ठेकों और कीमती उपहारों से जुड़े कथित वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों की सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में स्वतंत्र जांच कराने की मांग की है। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने इस मामले में केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार पर सवाल उठाए।

जयराम रमेश ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर दावा किया कि ट्रस्ट के वित्तीय प्रबंधन और कामकाज में शुरुआत से ही कमियां थीं। उनके अनुसार, लेन-देन के रिकॉर्ड, बैंक खातों के मिलान और कीमती उपहारों का पूरा विवरण रखने की व्यवस्था पर्याप्त नहीं थी।

कांग्रेस नेता ने यह भी दावा किया कि वर्ष 2026 में गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) की जांच में दान की गिनती से जुड़े कक्ष से बिना अनुमति 105 बार नकदी निकाले जाने का मामला सामने आया। पार्टी ने इन आरोपों की निष्पक्ष जांच और पूरे हिसाब-किताब को सार्वजनिक करने की मांग की है।

जयराम रमेश ने कहा कि मामले की स्वतंत्र जांच से दान की राशि, निर्माण कार्यों के ठेकों और ट्रस्ट के वित्तीय प्रबंधन से जुड़े सवालों का जवाब मिल सकेगा।

हालांकि, नकदी निकासी और अन्य कथित अनियमितताओं से जुड़े दावों की स्वतंत्र पुष्टि तथा ट्रस्ट या संबंधित जांच एजेंसी का आधिकारिक पक्ष इस सामग्री में उपलब्ध नहीं है। इसलिए इन आरोपों को जांच से सिद्ध तथ्य के रूप में प्रस्तुत नहीं किया जा सकता।