शहीद-ए-आजम के साहस, विचार और सर्वोच्च बलिदान को देश ने किया याद
नई दिल्ली, एजेंसी। शहीद-ए-आजम भगत सिंह की जयंती के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, केंद्रीय मंत्रियों और भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। प्रधानमंत्री ने भगत सिंह के अदम्य साहस और स्वतंत्रता आंदोलन में उनके योगदान को याद करते हुए उन्हें देश के युवाओं के लिए प्रेरणापुंज बताया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर संदेश साझा करते हुए लिखा कि शहीद भगत सिंह को उनकी जयंती पर कोटि-कोटि नमन। उन्होंने अपने साहस और शौर्य से आजादी के आंदोलन को नई दिशा दी। राष्ट्र के सम्मान के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने का उनका जज्बा भारत के युवाओं के साहस और हौसले का प्रतीक है।
प्रधानमंत्री ने एक वीडियो संदेश के माध्यम से भी भगत सिंह के जीवन और संघर्ष को याद किया। उन्होंने कहा कि अमर शहीद भगत सिंह हर भारतीय, विशेषकर युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। उनके व्यक्तित्व में निर्भीकता और देश के प्रति समर्पण स्पष्ट रूप से दिखाई देता था।
मोदी ने भगत सिंह के क्रांतिकारी विचारों और उनके बलिदान का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने देश की स्वतंत्रता के लिए अपना जीवन समर्पित कर दिया। कम उम्र में ही उन्होंने ऐसा संघर्ष किया, जिसे भारतीय इतिहास में सदैव सम्मान के साथ याद किया जाएगा।
अन्याय के खिलाफ संघर्ष का प्रतीक
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भी भगत सिंह को श्रद्धांजलि देते हुए उन्हें क्रांति, विचार और राष्ट्रप्रेम का अमर प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास में भगत सिंह का नाम युवा चेतना, वैचारिक साहस और अन्याय के खिलाफ संघर्ष के प्रतीक के रूप में दर्ज है।
उन्होंने कहा कि भगत सिंह का संघर्ष केवल विदेशी शासन से मुक्ति तक सीमित नहीं था, बल्कि वे ऐसे समाज की कल्पना करते थे, जहां शोषण, असमानता और अन्याय के लिए कोई स्थान न हो। उनका जीवन और सर्वोच्च बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा देता रहेगा।
जयंती के अवसर पर देशभर में शहीद भगत सिंह के साहस, विचारों, अध्ययनशीलता और बलिदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी गई।
