कानपुर (संवाददाता)। कानपुर में महाराजपुर के सुबौली गांव में शनिवार सुबह रेलवे लाइन किनारे खेत में उन्नाव निवासी प्रेमी युगल मालती (27) और ओम (22) के शव पेड़ से बंधी साड़ी के दोनों सिरों से बने फंदे से लटके मिले। पुलिस ने परिजनों को सूचना दी।
एसीपी आशुतोष सिंह ने बताया कि महिला दो बच्चों की मां थी और पति से विवाद के चलते मायके में रह रही थी। युवक बाइक मिस्त्री था। दोनों के बीच करीब एक साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था।
एडीसीपी शिवा सिंह का कहना है कि उन्नाव से इतनी दूर आकर सुसाइड करने की वजह समझ से परे है। पुलिस दोनों के मोबाइल की कॉल डिटेल खंगाल रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मामले का खुलासा हो सकेगा।
एडीसीपी के मुताबिक, शनिवार सुबह करीब 11:30 बजे दोनों के शव फंदे से लटके होने की सूचना मिली। पुलिस को मौके पर पॉलीथिन मिली, जिसमें बाइक की चाबी, 4200 रुपये, महिला का आधार कार्ड और की-पैड मोबाइल फोन था। मोबाइल से सिम निकला हुआ था। युवक की पैंट की जेब से 200 रुपये मिले।
मोबाइल में मिले नंबरों के आधार पर पुलिस ने महिला के परिजनों से संपर्क किया। बहन ने उसकी पहचान मालती (27) और युवक की पहचान मालती के प्रेमी ओम (22) के रूप में की। पुलिस के अनुसार, बहन ने दोनों के बीच करीब एक साल से प्रेम प्रसंग चलने की जानकारी दी।
महिला दो बच्चों की मां थी और उसका पति उसे तलाक देने वाला था। कोतवाली में पहले दोनों पक्षों की पंचायत भी हो चुकी थी।
कई सवाल खड़े कर रही घटना
पुलिस की प्राथमिक जांच में कई चौंकाने वाली बातें सामने आई हैं। उन्नाव से महाराजपुर की दूरी करीब 40 किलोमीटर है। यहां तक दोनों किस साधन से आए, फिर जिस सुबौली गांव में दोनों के शव लटके मिले, वह भी महाराजपुर के काफी भीतर है। पेड़ तक पहुंचने का रास्ता खेतों से होकर जाता है।
घटनास्थल पर पुलिस को बाइक की चाबी तो मिली, लेकिन करीब एक किलोमीटर की दूरी तक कोई बाइक नहीं मिली। पुलिस का मानना है कि बिना बाइक के गांव तक पहुंचना संभव नहीं है। मालती के मोबाइल से सिम भी बाहर निकला हुआ मिला है। इसकी वजह का भी पता लगाया जाएगा।
शवों के लटके होने की स्थिति भी संदिग्ध बताई जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मालती के पति और ओम के माता-पिता, दोनों से पूछताछ की जाएगी।
आठ साल पहले हुई थी मालती की शादी
पुलिस ने मालती के अन्य परिजनों से संपर्क किया तो पता चला कि सोजहरामऊ थाना क्षेत्र के मिर्जापुर गांव निवासी मालती की शादी करीब आठ साल पहले अचलगंज के जवाहिर खेड़ा गांव के रामू से हुई थी।
पति से विवाद के चलते मालती करीब एक साल से अपने दोनों बच्चों के साथ पिता रामशंकर लोधी के घर में रह रही थी। करीब 15 दिन पहले ससुराल वाले दोनों बच्चों को जवाहिर खेड़ा ले गए थे।
सोमवार को मालती नवाबगंज निवासी अपनी बड़ी बहन आरती के यहां चली आई थी। तीन दिन पहले सुबह करीब सात बजे मालती बहन से मायके जाने की बात कहकर निकली थी, लेकिन वहां पहुंची नहीं। परिजनों ने उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
17 सितंबर को घर से निकला था ओम
उन्नाव के सदर कोतवाली क्षेत्र के खुमानखेड़ा गांव निवासी ओम के बड़े भाई भीम वर्मा ने पुलिस को बताया कि 17 सितंबर को ओम अपना मोबाइल गदनखेड़ा स्थित शॉकर की दुकान पर रखकर बिना बताए कहीं चला गया था।
भीम ने बताया कि मालती से ओम का करीब एक साल से प्रेम प्रसंग था। करीब आठ महीने पहले मालती के पति को इसकी जानकारी हुई तो उसने विरोध किया। मामला कोतवाली पहुंचा, जहां कई घंटे तक पंचायत हुई।
ओम ने मालती को साथ रखने की बात कही थी, लेकिन पहले पति ने तलाक के बाद ही ऐसा करने की इजाजत दी थी। इसके बाद पति दोनों बच्चों को साथ लेकर चला गया और मालती मायके चली गई थी।
