प्रियंका गांधी की मांग- खड़गे की रैली स्थल पर ‘शुद्धीकरण’ करने वालों पर एससी-एसटी कानून के तहत हो एफआईआर

नई दिल्ली, एजेंसी। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने रविवार को भाजपा पर हमला बोलते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मांग की कि उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की रैली के स्थल पर ‘शुद्धीकरण’ करने वालों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जाए।

प्रियंका गांधी ने कहा कि यदि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वास्तव में संविधान का सम्मान करते हैं तो उन्हें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि हल्द्वानी में हुई इस घटना में शामिल लोगों के खिलाफ अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (एससी-एसटी) कानून के तहत कार्रवाई की जाए।

कांग्रेस महासचिव ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने हल्द्वानी में एक रैली को संबोधित किया था। इसके बाद भाजपा-आरएसएस से जुड़े लोगों ने कथित तौर पर उनके मंच का ‘शुद्धीकरण’ किया।

प्रियंका गांधी ने इसे निंदनीय और शर्मनाक मानसिकता का प्रतीक बताते हुए आरोप लगाया कि यह संविधान और एससी-एसटी कानून का गंभीर उल्लंघन है।

उन्होंने कहा कि घटना को 20 दिन बीत चुके हैं, लेकिन प्रधानमंत्री और उनकी सरकार की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने सवाल किया कि आखिर इसकी वजह क्या है।

प्रियंका गांधी ने कहा कि यदि प्रधानमंत्री मोदी वास्तव में संविधान का सम्मान करते हैं तो उन्हें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उत्तराखंड में इस घटना को अंजाम देने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज हो और एससी-एसटी कानून के तहत कार्रवाई की जाए।

कांग्रेस नेता ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की प्रेस वार्ता का वीडियो भी साझा किया। इसमें राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री मोदी से हल्द्वानी में खड़गे की रैली के स्थल पर ‘शुद्धीकरण’ करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की मांग की थी।

राहुल गांधी ने कहा था कि संविधान के अनुसार यह एक अपराध है। उन्होंने कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में इस घटना को छुआछूत के समान बताते हुए भाजपा-आरएसएस की मानसिकता को जिम्मेदार ठहराया था और दोषियों के खिलाफ एससी-एसटी कानून के तहत मामला दर्ज करने की मांग की थी।

राहुल गांधी ने आरोप लगाया था कि घटना के 20 दिन बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने कहा था कि कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे के लिए न्याय की मांग की जा रही है और यह केंद्र एवं राज्य सरकारों की जिम्मेदारी है कि खड़गे को न्याय मिले।

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ने आरोप लगाया था कि भाजपा की उत्तराखंड इकाई के अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने ‘शुद्धीकरण’ का बचाव किया, जबकि प्रधानमंत्री इस मामले पर चुप हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की मांग है कि ऐसा करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाए।

प्रियंका गांधी ने प्रधानमंत्री मोदी के उस दावे पर भी सवाल उठाया कि वह हर जाति से जुड़े हैं और पूरे देश के प्रधानमंत्री हैं। उन्होंने कहा कि उनकी ही पार्टी के उत्तराखंड अध्यक्ष ‘शुद्धीकरण’ का बचाव कर रहे हैं।